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1971 – जन द्रुत परिवहन प्रणाली के निर्माण हेतु महायोजना तैयार की गई।


1972 – 1 जून को जन द्रुत परिवहन प्रणाली को मंजूरी प्रदान की गई।


1972 – मेट्रो रेलवे, कोलकाता की आधारशिला 29 दिसंबर को रखी गई।


1984 – 24 अक्‍टूबर को भारत की प्रथम मेट्रो के रूप में मेट्रो रेलवे, कोलकाता का शुभारंभ हुआ। 3.4 किमी.  के विस्‍तार पर एस्‍प्‍लानेड से भवानीपुर (अब नेताजी भवन तक वाणिज्‍यिक सेवा का शुभारंभ हुआ।


1995 – 27 सितंबर को दमदम से टॉलीगंज तक 17 स्‍टेशनों के बीच 16.45 किमी. के संपूर्ण विस्‍तार पर   वाणिज्‍यिक सेवा का आरंभ किया गया।


2009 – 22 अगस्‍त को महानायक उत्‍तम कुमार (पहले टॉलीगंज के नाम से ज्ञात) से कवि नजरूल तक 5.89  किमी. के विस्‍तार पर नए खंड को चालू किया गया।


2010 – 7 अक्‍टूबर को दक्षिण की ओर कवि नजरूल से कवि सुभाष तक 1.58 किमी. के विस्‍तार पर नए खंड  के शेष भाग को चालू किया गया।


2010 – 29 दिसंबर को मेट्रो रेलवे को क्षेत्रीय रेलवे का दर्जा प्रदान किया गया।


2013 – 10 जुलाई को दमदम से नोआपाड़ा तक (2.091 किमी.) एक नए खंड का शुभारंभ किया गया।


2014 – 21 मई को सोमवार से शुक्रवार तक दोनों छोरों से पहली गाड़ी का प्रस्‍थान 7.00 बजे के बदले 6.45   बजे तथा रविवारीय सेवाएं (पायलट सह वाणिज्‍यिक) 14.00 बजे के बदले 09.50 बजे से प्रारंभ हुईं। 


विशेषताएँ

मेट्रो निर्माण की प्रक्रिया एक अत्‍यंत जटिल प्रक्रिया है जिसमें सिविल, बिजली, सिगनल एवं दूरसंचार इंजीनियरी के क्षेत्र में कई नई प्रौद्योगिकी की आवश्‍यकता होती है। भारतीय इंजीनियरों ने अपने स्‍वयं के अनुभव एवं विदेशों में अर्जित की गई अपनी शिक्षा के बलबूते पर भारत में पहली बार निम्‍नलिखित क्षेत्रों में उन्‍नत प्रौद्योगिकी को अपनाया ।
sडायफ्रॉम वाल एवं शीट पाईलों का प्रयोग करते हुए कट एवं कवर प्रणाली
sनिर्माण कार्य जारी रहने के दौरान कटाव के ऊपर यातायात के संचालन को बनाए रखने के लिए बड़े पैमाने पर डेकिंग का प्रयोग।
sसंपीड़ित वायु एवं एयरलॉक का प्रयोग करते हुए शील्‍ड टनलिंग।
sलचीला बंधन, रबर पैड, इपॉक्‍सी मोर्टर एवं नायलन इन्‍सर्ट के प्रयोगद्वारा रोड़ी रहित ट्रैक
sस्‍टेशन एवं सुरंगों में पर्यावरण नियंत्रण के लिए वातानुकूलन एवं संवातन प्रणाली
कर्षण के लिए तृतीय रेल विद्युत धारा संग्रह प्रणाली
sसूखे प्रकार के ट्रांसफार्मर एवं एसएफ-6 सर्किट ब्रेकरों के साथ भूमिगत विद्युत उपकेंद्र

sसुरंग-गाड़ी वीएचएफ-गाड़ी संचार प्रणाली

sउपकेंद्रों के लिए माइक्रो प्रोसेसर आधारित गाड़ी नियंत्रण एवं पर्यवेक्षीय रिमोट नियंत्रण प्रणाली

sस्‍वचालित टिकट बिक्री एवं जांच प्रणाली




Source : मेट्रो रेलवे कोलकता / भारतीय रेल का पोर्टल CMS Team Last Reviewed on: 29-11-2016